अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा और स्पेसएक्स ने गुरुवार को अपने महत्वाकांक्षी ग्रहीय मिशन में एक बड़ी सफलता हासिल की, जब यूरोपा क्लिपर अंतरिक्ष यान को फ्लोरिडा स्थित कैनेडी स्पेस सेंटर के लॉन्च कॉम्प्लेक्स 39ए पर सफलतापूर्वक पहुंचाया गया। स्पेसएक्स के फाल्कन हेवी रॉकेट के पेलोड फेयरिंग के भीतर सुरक्षित यह अंतरिक्ष यान अब अंतिम परीक्षणों से गुजर रहा है।

लगभग 13,000 पाउंड वजनी और अपने विशाल सौर पैनलों के साथ 100 फीट से अधिक चौड़ा यूरोपा क्लिपर नासा द्वारा किसी ग्रहीय अन्वेषण मिशन के लिए बनाया गया अब तक का सबसे बड़ा अंतरिक्ष यान है। बाहरी सौर मंडल में सूर्य की कमजोर रोशनी से ऊर्जा प्राप्त करने के लिए इतने बड़े सौर पैनलों की आवश्यकता पड़ी है।

ऐतिहासिक लॉन्च पैड पर अंतरिक्ष यान की अंतिम तैयारी शुरू

अंतरिक्ष यान को रात भर में सर्विसिंग फैसिलिटी से ऐतिहासिक लॉन्च पैड 39ए तक ले जाया गया, जहाँ से पहले अपोलो चंद्रमा मिशन और स्पेस शटल उड़ानें भरी गई थीं। वर्तमान में तकनीशियन इलेक्ट्रिकल परीक्षण, प्रणोदक लोडिंग पूर्वाभ्यास और रॉकेट इंटरफेस जांच में जुटे हैं।

इस बहु-अरब डॉलर के मिशन का मुख्य उद्देश्य सीधे एलियन जीवन खोजना नहीं है, बल्कि यह पता लगाना है कि क्या यूरोपा पर जीवन के पनपने के लिए आवश्यक रासायनिक और पर्यावरणीय परिस्थितियां मौजूद हैं। वैज्ञानिकों का मानना है कि यूरोपा की बर्फ की मोटी परत के नीचे पृथ्वी के सभी महासागरों के कुल जल से दोगुना बड़ा महासागर छिपा हुआ है।

“यूरोपा क्लिपर किसी ग्रहीय मिशन के लिए नासा द्वारा बनाया गया अब तक का सबसे बड़ा अंतरिक्ष यान है। इसे पैड पर ले जाना हमें यूरोपा की महासागरीय दुनिया की खोज के एक कदम और करीब लाता है।” — लॉरी लेशिन, निदेशक, नासा जेट प्रोपल्शन लेबोरेटरी (जेपीएल)

बर्फीले चंद्रमा के नीचे छिपे विशाल महासागर की पड़ताल

मंगल और पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण की मदद से 1.8 अरब मील की पांच साल से अधिक की लंबी यात्रा पूरी करके यह यान 2030 में बृहस्पति की कक्षा में पहुंचेगा। इसके बाद यह यूरोपा के करीब 50 बार बेहद नजदीक से गुजरेगा और सतह से मात्र 16 मील ऊपर तक जाकर विस्तृत आंकड़े जुटाएगा।

यान के सभी वैज्ञानिक उपकरणों और प्रणालियों के सामान्य रूप से काम करने के साथ, लॉन्च टीमें मौसम की स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। यह आगामी प्रक्षेपण हमारे सौर मंडल के महासागरीय संसारों को जानने की दिशा में मानव इतिहास का सबसे साहसी अभियान है।

Frequently Asked Questions

नासा के यूरोपा क्लिपर मिशन का प्राथमिक उद्देश्य क्या है?

यह पता लगाना कि क्या बृहस्पति के चंद्रमा यूरोपा की बर्फीली सतह के नीचे छिपा महासागर जीवन के लिए अनुकूल है।

यूरोपा क्लिपर को किस रॉकेट से लॉन्च किया जा रहा है?

इसे फ्लोरिडा के कैनेडी स्पेस सेंटर से स्पेसएक्स के शक्तिशाली फाल्कन हेवी रॉकेट से लॉन्च किया जा रहा है।

Sources