संयुक्त राज्य अमेरिका के सर्वोच्च न्यायालय ने परंपरा के अनुसार अक्टूबर के पहले सोमवार को अपने 2024-2025 न्यायिक सत्र की शुरुआत की। नौ न्यायाधीशों की पीठ ने अपने पहले ही दिन देश के सबसे संवेदनशील मुद्दों में से एक 'गारलैंड बनाम वेंडरस्टॉक' मामले की सुनवाई शुरू की, जिसमें बिना सीरियल नंबर वाली घरेलू हथियारों की किट यानी 'घोस्ट गन' के संघीय नियमन की वैधता को चुनौती दी गई है।

इस विवाद के केंद्र में 1968 के गन कंट्रोल एक्ट के तहत अल्कोहल, टोबैको, फायरआर्म्स एंड एक्सप्लोसिव्स ब्यूरो (एटीएफ) द्वारा 2022 में जारी किया गया एक नियम है। इस नियम के तहत व्यावसायिक 'खरीदो, बनाओ और चलाओ' किटों को आग्नेयास्त्र की कानूनी परिभाषा में शामिल किया गया था, जिसके लिए निर्माताओं को प्रमुख हिस्सों पर सीरियल नंबर छापना और खरीदारों की पृष्ठभूमि जांच अनिवार्य की गई थी।

गारलैंड बनाम वेंडरस्टॉक: हथियारों के नियमन पर संघीय अधिकार की परीक्षा

न्याय विभाग की ओर से सॉलिसिटर जनरल एलिजाबेथ प्रेलोगर ने जोरदार दलील देते हुए कहा कि इन किटों को तीस मिनट के भीतर पूरी तरह सक्रिय और घातक हथियार में बदला जा सकता है। सरकार ने चेतावनी दी कि यदि इन पर रोक नहीं लगाई गई तो आपराधिक गिरोह और नाबालिग पृष्ठभूमि जांच से बचकर हथियार बनाने लगेंगे।

वहीं दूसरी ओर हथियार निर्माताओं और बंदूक अधिकार कार्यकर्ताओं के वकीलों ने तर्क दिया कि एटीएफ ने संसद की अनुमति के बिना कानूनी परिभाषा बदलकर अपने संवैधानिक अधिकार क्षेत्र का उल्लंघन किया है। उनका कहना था कि जब तक कोई हिस्सा पूरी तरह हथियार नहीं बन जाता, तब तक उस पर प्रतिबंध नहीं लगाया जा सकता।

“अक्टूबर के नए कार्यकाल की शुरुआत अदालत के समक्ष नियामक प्राधिकरण, वैधानिक व्याख्या और कार्यपालिका की शक्तियों की सीमाओं से संबंधित मौलिक प्रश्न प्रस्तुत करती है।” — सुप्रीम कोर्ट हिस्टोरिकल सोसायटी एवं कानूनी विश्लेषण निदेशालय

प्रशासनिक एजेंसियों की शक्तियों और कार्यकारी सीमाओं पर कानूनी मंथन

सुनवाई के दौरान मुख्य न्यायाधीश जॉन रॉबर्ट्स और न्यायमूर्ति एमी कोनी बैरेट सहित कई रूढ़िवादी न्यायाधीशों ने बंदूक उद्योग के तर्कों पर सवाल उठाए। उन्होंने फर्नीचर जोड़ने वाली किटों का उदाहरण देते हुए पूछा कि क्या अंतिम रूप से तैयार होने के बेहद करीब उत्पाद को हथियार नहीं माना जाना चाहिए।

यह मामला प्रशासनिक कानून की दिशा तय करने वाले एक महत्वपूर्ण सत्र की शुरुआत का प्रतीक है। उम्मीद है कि इस मामले में सुप्रीम कोर्ट का अंतिम फैसला 2025 की गर्मियों में आएगा, जिसका देश भर में सार्वजनिक सुरक्षा और हथियार कानूनों पर दूरगामी प्रभाव पड़ेगा।

Frequently Asked Questions

गारलैंड बनाम वेंडरस्टॉक मामले का मुख्य विवाद क्या है?

मामले में यह तय होना है कि क्या एटीएफ के पास बिना सीरियल नंबर वाली बंदूक किटों को आग्नेयास्त्र के रूप में विनियमित करने का कानूनी अधिकार है।

एटीएफ के नियम के तहत क्या शर्तें लगाई गई हैं?

इस नियम के तहत किट निर्माताओं के लिए सीरियल नंबर छापना, खरीदारों का बैकग्राउंड चेक करना और बिक्री रिकॉर्ड रखना अनिवार्य है।

Sources