अमेरिकी जिला न्यायाधीश जेम्स डोनाटो ने सोमवार को गूगल के खिलाफ एक बड़ा देशव्यापी फैसला सुनाते हुए टेक दिग्गज को निर्देश दिया कि वह एंड्रॉइड ऐप बाजार में प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देने के लिए अपने प्ले स्टोर को पूरी तरह खोले।

यह ऐतिहासिक आदेश एपिक गेम्स द्वारा दायर एंटीट्रस्ट मुकदमे के बाद आया है, जिसमें पिछले वर्ष एक जूरी ने गूगल को ऐप वितरण और इन-ऐप भुगतान में अवैध एकाधिकार बनाए रखने का दोषी पाया था।

एंड्रॉइड ऐप वितरण में गूगल के एकाधिकार पर अदالती प्रहार

अदालत के निर्देशानुसार, नवंबर 2024 से शुरू होकर अगले तीन वर्षों तक गूगल को अपने प्ले स्टोर के भीतर प्रतिस्पर्धी थर्ड-पार्टी ऐप स्टोर उपलब्ध कराने होंगे और स्मार्टफोन निर्माताओं को विशेष सौदे देने से बचना होगा।

इसके अलावा, गूगल अब डेवलपर्स को अपने स्वयं के गूगल प्ले बिलिंग सिस्टम का उपयोग करने के लिए मजबूर नहीं कर सकता, जिससे डेवलपर्स बाहरी भुगतान विकल्पों की पेशकश कर सकेंगे।

“Google must dismantle the anticompetitive barriers it erected around Android app distribution, enabling genuine choice and competition for developers and consumers alike.” — James Donato, U.S. District Judge

तीन साल का प्रतिबंध और ओपन मोबाइल इकोसिस्टम की शुरुआत

गूगल ने फैसले के खिलाफ नौवीं सर्किट कोर्ट ऑफ अपील्स में चुनौती देने की घोषणा की है, यह तर्क देते हुए कि ये बदलाव उपयोगकर्ताओं की साइबर सुरक्षा और गोपनीयता को खतरे में डाल सकते हैं।

दूसरी ओर, एपिक गेम्स के सीईओ टिम स्वीनी ने इसे ऐप डेवलपर्स और उपभोक्ताओं की बड़ी जीत बताते हुए कहा कि इससे मोबाइल सॉफ्टवेयर उद्योग में वास्तविक प्रतिस्पर्धा बहाल होगी।

Frequently Asked Questions

अदालत के इस फैसले का गूगल पर क्या प्रभाव पड़ेगा?

गूगल को प्रतिद्वंद्वी ऐप स्टोर को अनुमति देनी होगी और अपनी प्ले बिलिंग की अनिवार्यता खत्म करनी होगी।

यह अदालती आदेश कब तक प्रभावी रहेगा?

यह स्थायी निषेधाज्ञा नवंबर 2024 से अगले तीन वर्षों तक प्रभावी रहेगी।

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